हरिद्वार। संस्कृति स्कूल, रानीपुर मोड़, हरिद्वार में शनिवार, 7 मार्च को ‘ग्रैंडपेरेंट्स डे’ बड़े ही हर्षोल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर विद्यालय परिसर में खुशी, स्नेह और पारिवारिक अपनत्व का सुंदर वातावरण देखने को मिला। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को अपने दादा–दादी के प्रति सम्मान, प्रेम और पारिवारिक मूल्यों की महत्ता से अवगत कराना था।

कार्यक्रम की शुरुआत आदरणीय श्री महेश पंजवानी सर द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ की गई। इस अवसर पर उन्होंने ज्ञान, सम्मान और पारिवारिक मूल्यों का संदेश देते हुए दादा–दादी और नाना–नानी के स्नेह, मार्गदर्शन तथा अनुभव को बच्चों के जीवन की अनमोल धरोहर बताया। उनके प्रेरणादायक शब्दों से वातावरण और भी गरिमामय व उत्साहपूर्ण हो गया। इसके पश्चात कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए विभिन्न प्रस्तुतियों की शुरुआत की गई।
कार्यक्रम के दौरान नन्हे-मुन्ने बच्चों ने अपने दादा–दादी के सम्मान में सुंदर कविताएँ प्रस्तुत कीं। बच्चों की मासूम अभिव्यक्तियों और भावनाओं ने उपस्थित सभी ग्रैंडपेरेंट्स का मन भावुक कर दिया। इसके साथ ही नन्हे-मुन्ने बच्चों ने भिन्न-भिन्न प्रकार के मनमोहक नृत्य प्रस्तुत कर सभी का दिल जीत लिया।
इस अवसर पर कई रोचक खेलों का आयोजन भी किया गया। कपल गेम “हम साथ-साथ हैं” और “पासिंग द पार्सल” कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण रहे। सभी ने पूरे उत्साह और खुशी के साथ इन खेलों में भाग लिया और कार्यक्रम का भरपूर आनंद उठाया।
विद्यालय की निदेशक श्रीमती दिव्या पंजवानी मैम ने अपने विचार साझा करते हुए कहा कि दादा–दादी बच्चों के जीवन में प्यार, अनुभव और अच्छे संस्कारों का सबसे बड़ा स्रोत होते हैं। ऐसे कार्यक्रम बच्चों और दादा–दादी के रिश्ते को और मजबूत बनाते हैं।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती श्वेता सहगल मैम ने कहा कि दादा–दादी बच्चों के सच्चे मार्गदर्शक होते हैं। उनके साथ समय बिताने से बच्चों को जीवन के अच्छे संस्कार और सीख मिलती है।
विद्यालय की ओर से सभी ग्रैंडपेरेंट्स को स्नेह और सम्मान के प्रतीक के रूप में स्मृति-चिह्न स्वरूप एक पुस्तक भेंट की गई, जो उनके लिए एक सुंदर और यादगार स्मृति बन गई। इस्के पश्चात सभी अतिथियों के लिए स्वादिष्ट रिफ्रेशमेंट की भी व्यवस्था की गई।
कार्यक्रम के अंत में सभी ग्रैंडपेरेंट्स ने इस सुंदर आयोजन की सराहना की। पूरा कार्यक्रम खुशियों, मुस्कान और अपनत्व से भरा रहा।
